रिज़्यूमे स्कोरिंग कैसे काम करता है: एक सरल व्याख्या
रिज़्यूमे स्कोरिंग की मूल बातें
जब हम नौकरी के लिए आवेदन करते हैं, तो हमारा रिज़्यूमे सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेज़ होता है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि आपके रिज़्यूमे का मूल्यांकन कैसे किया जाता है? आजकल, कई कंपनियाँ रिज़्यूमे स्कोरिंग तकनीकों का उपयोग कर रही हैं, जो कि स्वचालित प्रणाली के माध्यम से काम करती हैं। इस लेख में, हम जानेंगे कि रिज़्यूमे स्कोरिंग कैसे काम करता है और यह नौकरी के विवरणों के खिलाफ कैसे मूल्यांकन करता है।
रिज़्यूमे स्कोरिंग क्या है?
रिज़्यूमे स्कोरिंग एक प्रक्रिया है जिसमें आपके रिज़्यूमे को नौकरी के विवरण के साथ मिलाकर उसका मूल्यांकन किया जाता है। यह प्रक्रिया आमतौर पर एटीएस (Applicant Tracking System) द्वारा की जाती है, जो कि एक प्रकार का सॉफ़्टवेयर है जो नौकरी के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों के रिज़्यूमे को स्वचालित रूप से स्कैन करता है।
एटीएस कैसे काम करता है?
कीवर्ड पहचान
एटीएस सिस्टम सबसे पहले रिज़्यूमे में कीवर्ड की पहचान करता है। ये कीवर्ड आमतौर पर नौकरी के विवरण में होते हैं, जैसे कि आवश्यक कौशल, अनुभव, और शैक्षणिक योग्यता। यदि आपके रिज़्यूमे में ये कीवर्ड मौजूद हैं, तो आपका स्कोर बढ़ता है।
फॉर्मेटिंग और संरचना
रिज़्यूमे की फॉर्मेटिंग भी महत्वपूर्ण होती है। एटीएस सिस्टम को आसानी से पढ़े जाने योग्य रिज़्यूमे पसंद होते हैं। यदि आपका रिज़्यूमे सही तरीके से संरचित नहीं है, तो यह स्कोर को प्रभावित कर सकता है।
स्कोरिंग प्रक्रिया
एक बार जब एटीएस आपके रिज़्यूमे को स्कैन कर लेता है, तो यह उसे एक स्कोर प्रदान करता है। यह स्कोर नौकरी के विवरण के साथ आपके रिज़्यूमे की तुलना के आधार पर होता है। उच्च स्कोर वाले रिज़्यूमे को प्राथमिकता दी जाती है।
रिज़्यूमे स्कोरिंग के लाभ
समय की बचत
रिज़्यूमे स्कोरिंग प्रक्रिया से नियोक्ता को समय की बचत होती है। वे हजारों आवेदन पत्रों को जल्दी से स्कैन कर सकते हैं और केवल उन उम्मीदवारों को शॉर्टलिस्ट कर सकते हैं जिनका स्कोर उच्च है।
निष्पक्षता
एटीएस सिस्टम का उपयोग करने से चयन प्रक्रिया में निष्पक्षता बढ़ती है। यह सभी उम्मीदवारों को समान रूप से स्कोर करता है, बिना किसी पूर्वाग्रह के।
बेहतर चयन
रिज़्यूमे स्कोरिंग नियोक्ताओं को बेहतर उम्मीदवारों का चयन करने में मदद करता है। यह सुनिश्चित करता है कि जो लोग नौकरी के लिए सबसे उपयुक्त हैं, उन्हें ही इंटरव्यू के लिए बुलाया जाए।
रिज़्यूमे को एटीएस के अनुकूल कैसे बनाएं
कीवर्ड का सही उपयोग
रिज़्यूमे में सही कीवर्ड का उपयोग करना बहुत महत्वपूर्ण है। नौकरी के विवरण को ध्यान से पढ़ें और उन कीवर्ड को अपने रिज़्यूमे में शामिल करें।
सरल फॉर्मेटिंग
रिज़्यूमे को सरल और स्पष्ट रखें। जटिल फॉर्मेटिंग से बचें, क्योंकि एटीएस सिस्टम इसे सही से पढ़ नहीं पाएगा।
प्रासंगिक जानकारी शामिल करें
अपने रिज़्यूमे में केवल प्रासंगिक जानकारी शामिल करें। अनावश्यक जानकारी से बचें, क्योंकि यह आपके स्कोर को कम कर सकता है।
MyLiveCV का उपयोग
रिज़्यूमे स्कोरिंग के लिए कई टूल्स उपलब्ध हैं, जिनमें से एक MyLiveCV है। यह प्लेटफॉर्म आपको अपने रिज़्यूमे को एटीएस के अनुकूल बनाने में मदद करता है। यहाँ, आप अपने रिज़्यूमे को विभिन्न नौकरी के विवरणों के अनुसार अनुकूलित कर सकते हैं और यह सुनिश्चित कर सकते हैं कि आपका स्कोर उच्च हो।
निष्कर्ष
रिज़्यूमे स्कोरिंग एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है जो नियोक्ताओं को सही उम्मीदवारों का चयन करने में मदद करती है। यदि आप नौकरी के लिए आवेदन कर रहे हैं, तो अपने रिज़्यूमे को एटीएस के अनुकूल बनाना न भूलें। सही कीवर्ड का उपयोग, सरल फॉर्मेटिंग और प्रासंगिक जानकारी शामिल करने से आपका स्कोर बढ़ सकता है और आपको सफलता की ओर ले जा सकता है।
प्रकाशित किया गया: जन. 7, 2026


